मिजोरम

मिजोरम

सामान्य जानकारी (General Information)
 * स्थापना वर्ष (Establishment Year): मिजोरम को आधिकारिक तौर पर 20 फरवरी, 1987 को राज्य का दर्जा प्राप्त हुआ।
   * ध्यान दें: यह 1972 से 1987 तक केंद्र शासित प्रदेश (Union Territory) था, और उससे पहले यह असम का लुशाई हिल्स ज़िला (Lushai Hills District) था।
 * सीमाएँ (Borders):
   * अंतर्राष्ट्रीय सीमाएँ: यह म्यांमार (पूर्व और दक्षिण में) और बांग्लादेश (पश्चिम में) के साथ अंतर्राष्ट्रीय सीमा साझा करता है।
   * अंतर्राज्यीय सीमाएँ: यह भारतीय राज्यों त्रिपुरा (उत्तर-पश्चिम में), असम (उत्तर में), और मणिपुर (उत्तर-पूर्व में) के साथ सीमाएँ साझा करता है।
 * जनसंख्या (Population) (2011 की जनगणना): 10,91,014
 * बोली जाने वाली भाषाएँ (Languages Spoken): प्रमुख और आधिकारिक भाषाएँ मिज़ो (एक तिब्बती-बर्मी भाषा, जो रोमन लिपि में लिखी जाती है) और अंग्रेजी हैं। अन्य बोलियाँ/भाषाएँ लाई, मारा, चकमा और विभिन्न कूकी-चिन भाषाएँ हैं।
 * वर्तमान में धर्म (Religion): अधिकांश जनसंख्या ईसाई (मुख्य रूप से प्रोटेस्टेंट) है। बौद्ध, हिंदू और मुस्लिम प्रमुख धार्मिक अल्पसंख्यक हैं।
मुख्यमंत्रियों की सूची (List of Chief Ministers) (1972 में केंद्र शासित प्रदेश बनने के बाद से)
नीचे मिजोरम के मुख्यमंत्रियों की सूची दी गई है (इसमें वह अवधि भी शामिल है जब यह केंद्र शासित प्रदेश था और राष्ट्रपति शासन की अवधियाँ भी):
| क्र. सं. | मुख्यमंत्री का नाम | पार्टी | पदभार ग्रहण (From) | पदभार छोड़ा (To) |
|---|---|---|---|---|
| 1 | सी. छुंगा | मिजो यूनियन | 3 मई, 1972 | 10 मई, 1977 |
| - | राष्ट्रपति शासन | N/A | 11 मई, 1977 | 1 जून, 1978 |
| 2 | ब्रिगेडियर टी. सैलो | मिजोरम पीपुल्स कॉन्फ्रेंस | 2 जून, 1978 | 10 नवंबर, 1978 |
| - | राष्ट्रपति शासन | N/A | 11 नवंबर, 1978 | 8 मई, 1979 |
| (2) | ब्रिगेडियर टी. सैलो | मिजोरम पीपुल्स कॉन्फ्रेंस | 8 मई, 1979 | 4 मई, 1984 |
| 3 | लाल थनहवला | भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस | 5 मई, 1984 | 20 अगस्त, 1986 |
| 4 | लालडेंगा | मिजो नेशनल फ्रंट | 21 अगस्त, 1986 | 7 सितंबर, 1988 |
| - | राष्ट्रपति शासन | N/A | 8 सितंबर, 1988 | 23 जनवरी, 1989 |
| (3) | लाल थनहवला | भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस | 24 जनवरी, 1989 | 3 दिसंबर, 1998 |
| 5 | ज़ोरमथंगा | मिजो नेशनल फ्रंट | 3 दिसंबर, 1998 | 11 दिसंबर, 2008 |
| (3) | लाल थनहवला | भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस | 11 दिसंबर, 2008 | 14 दिसंबर, 2018 |
| (5) | ज़ोरमथंगा | मिजो नेशनल फ्रंट | 15 दिसंबर, 2018 | 7 दिसंबर, 2023 |
| 6 | लालदुहोमा | जोरम पीपल्स मूवमेंट | 8 दिसंबर, 2023 | वर्तमान |
राष्ट्रपति शासन (President's Rule Imposition)
मिजोरम में अब तक कुल तीन बार राष्ट्रपति शासन (भारतीय संविधान के अनुच्छेद 356 के तहत) लगाया गया है:
 * पहली बार (केंद्र शासित प्रदेश के रूप में): 11 मई, 1977 से 1 जून, 1978 तक।
 * दूसरी बार (केंद्र शासित प्रदेश के रूप में): 11 नवंबर, 1978 से 8 मई, 1979 तक।
 * तीसरी बार (राज्य बनने के बाद): 8 सितंबर, 1988 से 23 जनवरी, 1989 तक।
प्रसिद्ध स्थान और उत्पाद (Famous Places and Products)
प्रसिद्ध स्थान (पर्यटन)
मिजोरम अपने शांत, पहाड़ी परिदृश्य और अद्वितीय सांस्कृतिक स्थलों के लिए जाना जाता है।
 * फावंगपुई त्लांग (ब्लू माउंटेन): यह मिजोरम की सबसे ऊंची चोटी और एक राष्ट्रीय उद्यान है, जो अपनी अविश्वसनीय प्राकृतिक सुंदरता और विविध जीव-जंतुओं के लिए प्रसिद्ध है।
 * पलाक दिल (पलाक झील): राज्य की सबसे बड़ी प्राकृतिक झील, माना जाता है कि इसका निर्माण एक बड़े भूकंप या बाढ़ के कारण हुआ था।
 * रीएक त्लांग: आइजोल के पास एक शानदार पठारी पहाड़, जो मनोरम दृश्य प्रस्तुत करता है। यह एक लोकप्रिय ट्रेकिंग गंतव्य है।
 * आइजोल: राज्य की राजधानी, जो अपनी पहाड़ी भूभाग, सांस्कृतिक केंद्रों और सुलैमान मंदिर (Solomon's Temple) के लिए प्रसिद्ध है।
 * वनतॉंग जलप्रपात (Vantawng Falls): राज्य के सबसे ऊँचे और सबसे शानदार झरनों में से एक।
प्रसिद्ध उत्पाद (विश्वव्यापी या भारत में)
 * हस्तशिल्प और हथकरघा (Handicrafts and Handloom): मिजोरम अपने जीवंत हाथ से बुने हुए उत्पादों, खासकर पारंपरिक शॉल जिसे 'पुआनडम' कहा जाता है, और अन्य बुने हुए वस्त्रों के लिए जाना जाता है। ये उत्तर पूर्व और पूरे भारत में अत्यधिक मूल्यवान हैं।
 * बांस और बेंत के उत्पाद (Bamboo and Cane Products): बांस की बहुतायत के कारण, यह राज्य बांस के उत्पादों जैसे टोकरियाँ, फर्नीचर, पारंपरिक टोपी और सजावटी सामान का एक प्रमुख उत्पादक है। मिज़ो लोगों के पास बाँस और बेंत की कारीगरी में समृद्ध पारंपरिक कौशल हैं।
 * अदरक और हल्दी (Ginger and Turmeric): मिजोरम उच्च गुणवत्ता वाले मसालों, विशेष रूप से अदरक और हल्दी का उत्पादन करता है, जो अक्सर जैविक रूप से उगाए जाते हैं और भारत के भीतर और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी निर्यात किए जाते हैं।
 * बागवानी उत्पाद (Horticulture Products): यह राज्य अपने खट्टे फलों, पैशन फ्रूट और अनानास के लिए जाना जाता है, जो राष्ट्रीय पहचान वाले महत्वपूर्ण कृषि उत्पाद हैं।

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